दूषित पानी पीने से दो मासूम की मौत…
पाँच बच्चे गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती….
छिंदवाड़ा/ मध्यप्रदेश के छिंदवाड़ा जिलें के तामिया में दूषित पानी पीने से दो बच्चों की मौत हौने से क्षेत्र में दहशत का माहौल है
पूरा धटना तामिया विकासखंड के माहुलझिर पंचायत के टापरवानी गांव में दूषित पानी पीने के कारण पिछले दो दिनों में दो मासूम बच्चों की मौत हो गई है… जबकि अन्य पाँच बच्चों को गंभीर हालत में तामिया सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया है..

तामिया में हर धर नल जल योजना की पोल खोलती है ये तस्वीर…
केंद्र एवं राज्य सरकार हर घर नल जल योजना के लिए करोडों रुपये की योजना चला रही है लेकिन भ्रष्ट सरकारी तंत्र के कारण आज भी हर धर नल जल योजना सफल नही है, जिसके कारण आज भी दूषित पानी पीने के लिए गांव के लोगों मजबूर है..

संरपच का कहना है नल जल आज भी अंधूरी…
जब पंचायत के सरपंच से इस बिषय में बात हुई तो उनका कहना है कि पंचायत में आज भी नलजल योजना अधूरी पडी है जिससे ग्रामीणों को अब भी कुएं का मटमैला और गंदा पानी पीने को मजबूर होना पड रहा है, इसी वजह से गांव में उल्टी-दस्त का प्रकोप फैल गया है

बच्चों की मौत गंदा मटमैला पानी पीने से हुई मौत…
गांव के सरपंच हुलकर शाह उईके के अनुसार दोंनो बच्चों की मौत उल्टी-दस्त के कारण हुई है जैसे ही मुझे इस मामले की जानकारी मिली मेंने तुरंत ही स्वास्थ्य विभाग को इसकी सूचना दी..
स्वास्थ्य विभाग की टीम ने गांव पहुंचकर की जांच….
सरपंच की सूचना मिलने के बाद स्वास्थ्य विभाग की टीम शुक्रवार को गांव पहुंचकर जांच की जहां पांच बच्चे गंभीर अवस्था में पाए गए उन्हें तत्काल 108 एंबुलेंस की मदद से काम्या सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रेफर किया गया
जांच टीम ने घटनास्थल पर पानी की जांच किया…
आज स्वास्थ्य विभाग की टीम ने घटा स्थल पर पहुंचकर पानी की जांच की स्वास्थ्य अमला मौके पर पहुंचे इस दौरान ग्राम सचिव एंव स्वास्थ्य विभाग के सेक्टर सुपरवाइजर एंव डॉक्टर की टीम मौके पर पहुंची है..

ग्रामीणों की मांग..
ग्रामीणों ने जिला कलेक्टर से मांग किया है कि हमारे गांव में नल जल योजना शीघ्र ही चालू की जाए, ग्रामीणों ने बताया कि कई बार शिकायत के बावजूद टापरवानी गांव में नलजल योजना का कार्य अधूरा पड़ा है गांव वाले आज ही गंदा कुएं के पानी पर निर्भर है जिससे बच्चों की तबीयत बिगड़ रही है, ग्रामीणों ने शासन से मांग की है कि जल्द से जल्द शुद्ध पेयजल की व्यवस्था की जाए ताकि ऐसी घटना की पुर्नवृत्ति ना हो